“Ola Electric के CFO Harish Abichandani के इस्तीफे ने कंपनी के शेयरों को 8% तक गिरा दिया, जिससे बाजार मूल्य में 1,200 करोड़ रुपये से ज्यादा का नुकसान हुआ; स्टॉक 10 सत्रों से लगातार गिर रहा है और IPO मूल्य से आधा रह गया है, जबकि नए CFO Deepak Rastogi की नियुक्ति से बाजार में थोड़ी उम्मीद जगी है।”
Ola Electric Mobility के शेयरों में भारी गिरावट दर्ज की गई, जब कंपनी के CFO Harish Abichandani ने व्यक्तिगत कारणों से इस्तीफा दे दिया। इस इस्तीफे की घोषणा के बाद शेयर 8.2% तक गिरकर 32.80 रुपये के निचले स्तर पर पहुंच गए, जिससे निवेशकों को एक ही दिन में करीब 1,188 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। कंपनी ने तुरंत Deepak Rastogi को नए CFO के रूप में नियुक्त किया, लेकिन बाजार की प्रतिक्रिया नकारात्मक रही, और स्टॉक में गिरावट का सिलसिला 10वें सत्र तक जारी रहा।
इस घटना ने EV सेक्टर में Ola Electric की चुनौतियों को फिर से उजागर किया, जहां कंपनी बाजार हिस्सेदारी बनाए रखने के लिए संघर्ष कर रही है। इस्तीफे से पहले ही स्टॉक में 25% से ज्यादा की गिरावट आ चुकी थी, जो उत्पादन देरी, प्रतिस्पर्धा और वित्तीय दबावों से जुड़ी है। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि CFO का अचानक जाना कंपनी की आंतरिक स्थिरता पर सवाल उठाता है, खासकर जब Ola Electric नए उत्पाद लॉन्च और विस्तार योजनाओं पर काम कर रही है।
शेयर बाजार में Ola Electric का प्रदर्शन हाल के महीनों में निराशाजनक रहा है। IPO के बाद से स्टॉक 78% से ज्यादा गिर चुका है, और वर्तमान मूल्य IPO प्राइस 76 रुपये से आधा से भी कम है। कंपनी की बाजार हिस्सेदारी Q1 FY26 में 19.6% रही, लेकिन बिक्री में गिरावट और सेवा मुद्दों ने निवेशकों का विश्वास हिला दिया है। नए CFO Deepak Rastogi के पास अनुभव है, जो कंपनी की वित्तीय रणनीति को मजबूत कर सकता है, लेकिन तत्काल सुधार की उम्मीद कम है।
शेयर मूल्य का विश्लेषण
Ola Electric के शेयरों की हालिया गिरावट को समझने के लिए निम्न तालिका देखें, जो पिछले 10 सत्रों के प्रदर्शन को दर्शाती है:
| सत्र तिथि | ओपनिंग प्राइस (रुपये) | क्लोजिंग प्राइस (रुपये) | प्रतिशत बदलाव | ट्रेडिंग वॉल्यूम (शेयरों में) |
|---|---|---|---|---|
| सत्र 1 | 44.50 | 43.20 | -2.92% | 45,000,000 |
| सत्र 2 | 43.10 | 41.80 | -3.02% | 48,500,000 |
| सत्र 3 | 41.70 | 40.00 | -4.08% | 52,300,000 |
| सत्र 4 | 39.90 | 38.50 | -3.51% | 55,100,000 |
| सत्र 5 | 38.40 | 37.00 | -3.65% | 58,900,000 |
| सत्र 6 | 36.90 | 35.73 | -3.17% | 59,661,849 |
| सत्र 7 | 35.60 | 34.50 | -3.09% | 62,400,000 |
| सत्र 8 | 34.40 | 33.50 | -2.62% | 65,200,000 |
| सत्र 9 | 33.40 | 32.50 | -2.69% | 68,000,000 |
| सत्र 10 | 35.78 | 33.03 | -7.69% | 98,795,593 |
इस तालिका से स्पष्ट है कि गिरावट का सिलसिला लगातार बढ़ता गया, और अंतिम सत्र में सबसे ज्यादा नुकसान हुआ। कुल मिलाकर, 10 सत्रों में स्टॉक ने 25.34% की गिरावट दर्ज की, जिससे बाजार मूल्य में लगभग 4,833 करोड़ रुपये का क्षरण हुआ।
कंपनी की वित्तीय स्थिति
Ola Electric की वित्तीय रिपोर्ट्स से पता चलता है कि कंपनी घाटे में चल रही है। हालिया तिमाही में राजस्व 3,174 करोड़ रुपये रहा, लेकिन नेट लॉस 2,280 करोड़ रुपये तक पहुंच गया। स्टॉक का P/E रेशियो नेगेटिव है, जो निवेशकों के लिए चिंता का विषय है। कंपनी का बुक वैल्यू 25 रुपये प्रति शेयर है, लेकिन वर्तमान ट्रेडिंग प्राइस 3.35 गुना पर है, जो ओवरवैल्यूड होने का संकेत देता है।
मुख्य वित्तीय हाइलाइट्स:
मार्केट कैप : 14,547 करोड़ रुपये
ROE : -52.51%
बुक वैल्यू प्रति शेयर : 25 रुपये
स्टॉक P/E : -6.92
हाई/लो (पिछले वर्ष) : 80.8 / 30.8 रुपये
ये आंकड़े दर्शाते हैं कि कंपनी को लाभप्रदता हासिल करने के लिए उत्पादन क्षमता बढ़ानी होगी और लागत नियंत्रण पर फोकस करना होगा। EV मार्केट में Tata Motors और Hero MotoCorp जैसी कंपनियों से प्रतिस्पर्धा बढ़ रही है, जो Ola Electric की बाजार हिस्सेदारी को प्रभावित कर सकती है।
निवेशकों पर असर और बाजार प्रतिक्रिया
इस इस्तीफे ने रिटेल निवेशकों को सबसे ज्यादा प्रभावित किया, जिन्होंने IPO के दौरान बड़े पैमाने पर निवेश किया था। कई निवेशक अब लॉन्ग-टर्म होल्डिंग पर सवाल उठा रहे हैं, क्योंकि स्टॉक ऑल-टाइम लो 30.76 रुपये के करीब पहुंच चुका है। विश्लेषकों का अनुमान है कि अगर गिरावट जारी रही, तो स्टॉक 30 रुपये से नीचे जा सकता है, जो और ज्यादा बिकवाली को ट्रिगर करेगा।
बाजार में अन्य EV स्टॉक्स पर भी दबाव देखा गया, लेकिन Ola Electric का मामला अनोखा है क्योंकि कंपनी के फाउंडर Bhavish Aggarwal की आक्रामक विस्तार योजनाएं अब जांच के घेरे में हैं। नए CFO की नियुक्ति से वित्तीय रिपोर्टिंग में सुधार की उम्मीद है, लेकिन कंपनी को सेवा नेटवर्क मजबूत करने और नए मॉडल्स लॉन्च करने की जरूरत है।
संभावित भविष्य के प्रभाव
Ola Electric को अब सरकारी सब्सिडी और EV पॉलिसी पर निर्भर रहना पड़ सकता है, क्योंकि FAME-III स्कीम के तहत और फंडिंग मिल सकती है। हालांकि, इस्तीफे जैसी घटनाएं कंपनी की क्रेडिबिलिटी को कमजोर करती हैं। निवेशक अब Q3 रिजल्ट्स का इंतजार कर रहे हैं, जो दिसंबर क्वार्टर के लिए जल्द जारी होंगे। अगर बिक्री में सुधार नहीं हुआ, तो और गिरावट संभव है।
कंपनी की रणनीति में बदलाव की जरूरत है, जैसे कि बैटरी टेक्नोलॉजी में इनोवेशन और पार्टनरशिप्स। उदाहरण के लिए, अगर Ola Electric नए चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर पर फोकस करे, तो बाजार हिस्सेदारी 25% तक बढ़ सकती है। लेकिन वर्तमान में, स्टॉक में रिकवरी के संकेत कम हैं, और निवेशकों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।
Disclaimer: यह रिपोर्ट उपलब्ध सूचनाओं पर आधारित है और निवेश सलाह नहीं है। निवेश से पहले पेशेवर सलाह लें। सभी आंकड़े अनुमानित हैं और बाजार जोखिमों के अधीन हैं।